जमीन के दखल, उपयोग, निर्माण और संचालन से जुड़े दस्तावेज मांगे; जवाब नहीं मिलने पर विधि सम्मत कार्रवाई के संकेत
हजारीबाग: खास महाल जमीन के उपयोग और उस पर मौजूद निर्माण को लेकर जिला प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। हीराबाग रोड स्थित इस्कॉन मंदिर के पास उपायुक्त कार्यालय के खास महाल प्रकोष्ठ की ओर से नोटिस चिपकाया गया है। नोटिस पुरुषोत्तम लाल सरोज और इस्कॉन मंदिर के संचालक एवं अधिकृत प्रतिनिधि पवन कुमार के नाम जारी किया गया है।
प्रशासन ने संबंधित भूमि पर दखल, उपयोग, निर्माण तथा मंदिर के संचालन से जुड़े अधिकार और दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
प्लॉट संख्या 466 की जमीन जांच के दायरे में
उपायुक्त कार्यालय के खास महाल प्रकोष्ठ की ओर से जारी ज्ञापांक 326, दिनांक 10 सितंबर के अनुसार मामला हजारीबाग खास महाल अंतर्गत मौजा-सारले, थाना संख्या 159, होल्डिंग संख्या 106 और प्लॉट संख्या 466 से संबंधित है। संबंधित भूमि का रकबा 0.9090 एकड़ बताया गया है।
नोटिस में इस जमीन पर मौजूद मकान अथवा अन्य संरचनाओं के दखल और उपयोग के साथ इस्कॉन मंदिर के संचालन से संबंधित अधिकार एवं अभिलेख प्रस्तुत करने को कहा गया है।
प्रशासन के अनुसार, नोटिस मीनाक्षी साहू द्वारा दिए गए आवेदन, खास महाल प्रकोष्ठ में उपलब्ध सरकारी अभिलेख तथा राजस्व उप निरीक्षक के स्थल निरीक्षण प्रतिवेदन के आधार पर जारी किया गया है।
2038 तक लीज नवीनीकरण का उल्लेख
उपलब्ध प्रशासनिक रिकॉर्ड के अनुसार संबंधित भूमि वर्ष 2008 तक मीनाक्षी साहू के नाम दर्ज थी। इसके बाद राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, रांची के आदेश के आधार पर 1 अप्रैल 2008 से 31 जनवरी 2038 तक लीज नवीनीकरण की स्वीकृति दिए जाने का उल्लेख है। रिकॉर्ड में निर्धारित सलामी राशि जमा किए जाने की बात भी दर्ज है।
वहीं, स्थल निरीक्षण प्रतिवेदन में जमीन पर कुछ व्यावसायिक संरचनाओं और अन्य निर्माण के मौजूद होने का उल्लेख किया गया है। इसके बाद प्रशासन भूमि के वर्तमान उपयोग और निर्माण से संबंधित दस्तावेजों की जांच करेगा।

जवाब और दस्तावेज नहीं देने पर होगी विधि सम्मत कार्रवाई
नोटिस में दोनों पक्षों से निर्धारित समयसीमा के भीतर अपना-अपना लिखित स्पष्टीकरण और संबंधित मूल दस्तावेज खास महाल प्रकोष्ठ में प्रस्तुत करने को कहा गया है।
प्रशासन के अनुसार, प्राप्त जवाब, उपलब्ध सरकारी अभिलेख और स्थल सत्यापन के आधार पर मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जाएगी। निर्धारित अवधि में संतोषजनक जवाब या आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने की स्थिति में उपलब्ध रिकॉर्ड और जांच प्रतिवेदन के आधार पर विधि सम्मत आगे की कार्रवाई की जाएगी।
हीराबाग रोड स्थित इस्कॉन मंदिर के पास प्रशासन की ओर से नोटिस चिपकाए जाने के बाद खास महाल भूमि से जुड़ा यह मामला चर्चा में है।


