गिरिडीह: स्कॉलर बी.एड. कॉलेज के डीएलएड प्रशिक्षुओं ने वृद्धा आश्रम पहुंचकर बुजुर्गों के साथ आत्मीय समय बिताया। इस दौरान प्रशिक्षुओं ने आवश्यक उपयोग की सामग्री का वितरण किया और बुजुर्गों से बातचीत कर उनके जीवन के अनुभवों को जाना।
डीएलएड प्रभारी डॉ. हरदीप कौर के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बुजुर्गों ने प्रशिक्षुओं के साथ अपनत्व महसूस किया। प्रशिक्षुओं ने बुजुर्गों से आशीर्वाद भी लिया।
शिक्षा के साथ मानवीय मूल्यों का विकास जरूरी: डॉ. हरदीप कौर
डॉ. हरदीप कौर ने कहा कि बुजुर्ग समाज की अमूल्य धरोहर हैं। उनके अनुभव और आशीर्वाद आने वाली पीढ़ी का मार्गदर्शन करते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि प्रशिक्षुओं में मानवीय संवेदना, सेवा भावना और सामाजिक जिम्मेदारी विकसित करना भी है।
उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से प्रशिक्षुओं को समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने का अवसर मिलता है और उनमें सहानुभूति व संवेदनशीलता जैसे मानवीय मूल्यों का विकास होता है।
कार्यक्रम में सहायक व्याख्याता कौशल कुमार, रंजीत कुमार सिंह, स्मिता कुमारी, प्रवीण कुमार सहित अन्य सहायक व्याख्याता, शिक्षकेत्तर कर्मचारी मनीष जैन, सोनाली कुमारी और डीएलएड प्रशिक्षु छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। प्रशिक्षुओं ने भविष्य में भी सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यक्रमों में भाग लेने की बात कही।


